स्वामी ब्रह्मानंद त्यागमूर्ति महामानव संपादित करें स्वामी ब्रह्मानन्द का जन्म 04 दिसम्बर 1894 को उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले की राठ तहसील के बरहरा नामक गांव के एक साधारण किसान परिवार में हुआ था। उनके पिता का नाम मातादीन लोधी तथा माता का नाम जशोदाबाई लोधी था। स्वामी ब्रह्मानन्द के बचपन का नाम शिव दयाल लोधी था। स्वामी ब्रह्मानन्द जी की प्रारम्भिक शिक्षा हमीरपुर में ही हुई। इसके पश्चात् उन्होने घर पर ही रामायण , महाभारत , गीता , उपनिषद और अन्य शास्त्रों का अध्ययन किया। इसी समय से लोग उन्हें 'स्वामी जी' कहकर बुलाने लगे। पिता मातादीन लोधी को डर सताने लगा कि कहीं उनका पुत्र साधू न बन जाए। इस डर से उन्होने स्वामी ब्रह्मानंद जी का विवाह सात वर्ष की उम्र में हमीरपुर के ही लोधी गोपाल महतो की पुत्री राधाबाई से करा दिया। आगे चलकर राधाबाई ने एक पुत्र और एक पुत्री को जन्म दिया। लेकिन स्वामी जी का चित्त अब भी आध्यात्मिकता की तरफ था। स्वामी ब्रह्मानन्द जी ने 24 वर्ष की आयु में पुत्र और पत्नी का मोह त्याग गेरूए वस्त्र ...